The road you want to travel

This sentence stroked me when I read it. What an insightful sentence. It carries vivid meaning, you can perceive as per your best ability to process your thoughts. For students it could lead to their career, for a mother it could be well-being for her kids, for a father it could be a betterment of […]

New Year: New Habits

With the changing calendar pages, not only does the year change, but each of those 365 days leaves an imprint on our lives—lessons, tranquillity, the unsaid, and everything in between. As we welcome the new year, we often make promises to ourselves, but after a few initial days, those commitments tend to fade away. Promises […]

विजयादशमी

  नौ दिनों के उल्लास और आराधना के बाद विजयादशमी पर ऐसा प्रतीत होता है, जैसे श्री राम के लंका विजय के साथ हम सब ने अपने रावण रूपी अवगुणों पर विजय हासिल कर ली हो।   वैसे भी दशहरे का उत्सव शक्ति और शक्ति का समन्वय बताने का उत्सव है। नवरात्रि में माँ दुर्गा […]

नव दुर्गा: नव संचार

अजीब सा संजोग है, कि मैंने कक्षा 9वीं से नवरात्रि के व्रत और माँ दुर्गा की आराधना शुरू की। आज 34 सालों से यह सिलसिला कायम है। यूँ तो नवरात्रि के महत्व को हम सब जानते है, लेकिन अगर मैं अपने संदर्भ में इन 34 सालों के दौरान हुए अनुभवों का अवलोकन करुं तो एक […]

गणेश उत्सव: जीवन उत्सव

हिंदू संस्कृति में देवी-देवता, उनकी पूजा, उनसे जुड़ी मान्यतायें और कहानियों का बहुत महत्व है। अगर बात की जाए गणेश चतुर्थी की, तो मान्यता ये है कि इस दिन भगवान गणेश का जन्मदिन मनाया जाता है।लेकिन इस दस दिवसीय उत्सव में लगता है मानो हम सभी का पुनर्जन्म हुआ है।   गणेश चतुर्थी का उत्साह […]

आत्मनिर्भर भारत: नया भारत

प्रत्येक भारतीय को पिछले सात दशकों में हुई सामाजिक-आर्थिक प्रगति पर गर्व होना चाहिए। संशयवादियों को विश्वास नहीं था, कि भारत आगे बढ़ पाएगा। लेकिन भारत ने इन चुनौतियों को ताक़त में बदला। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी नीतियाँ और उनके क्रियान्वयन का इस बदलाव में अभिन्न हिस्सा है। और आज हम दुनिया […]

मैं: कृष्ण

प्राचीन काल से एक कहावत प्रचलित है, जब-जब धरती पर पाप बढ़ता है, तब-तब ईश्वर पृथ्वी पर अवतरित होते हैं। कर्म और धर्म के सही मायने मानव जाति को समझाने, 5000 साल पूर्व श्री कृष्ण पृथ्वी पर अवतरित हुये और लगभग 125 साल इस धरती पर व्यतीत किये। इतने लम्बे जीवन काल में उन्होंने अनगिनत […]

जीवन की लय: योग

सृष्टि के आरंभ से ही ईश्वर ने मानव को दिव्यता का उपहार दिया है। हालांकि समय के साथ-साथ भौतिकता और पशुता का मिश्रण होता गया। लेकिन भारतीय संस्कृति और वेदों में ऐसी कई पद्धितियां हैं, जिससे मानव ईश्वर द्वारा प्रदत्त दिव्यता को सहेज सकता है।   मानव तीन शरीरों से मिलकर बना है। स्थूल शरीर, […]

Mere Papa: My Hero!

समय के चक्र में हर चीज अपना स्वरूप बदलती है। बदलाव ही प्रकृति का नियम है। लेकिन इसी प्रकृति ने एक रिश्ते को सभी बदलावों से परे रखा है। वो है माता-पिता से उनके बच्चों का रिश्ता।   माता-पिता के साथ हर दिन उत्सव सा होता है। 2 November 1936 का दिन किसी उत्सव से […]

Only One Earth

इस आधुनिक दुनिया की दौड़ में जब हम दूसरे ग्रह पर जीवन तलाश रहे हैं तब हमें अपने ही घर (ग्रह) पृथ्वी पर विलुप्त होते जीवन की सुध क्यों नहीं है?   Only One Earth, घर एक ही होता है, बस घर के सदस्य भिन्न-भिन्न होते हैं। पृथ्वी हमारे घर के address में तो आती […]